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Other Issues for Education

छात्रों के लिए वित्तीय सहायता

एससी, एसटी, ओबीसी और अन्य विशिष्ट श्रेणियों से जुड़े हुए छात्रों की योग्यता को प्रोत्साहित करने का प्रयास किया जाएगा। छात्रवृत्ति प्राप्त करने वाले छात्रों की प्रगति को समर्थन प्रदान करना, उसे बढ़ावा देना और उनकी प्रगति को ट्रैक करने के लिए राष्ट्रीय छात्रवृत्ति पोर्टल का विस्तार किया जाएगा। निजी उच्च शिक्षण संस्थानों को अपने यहां छात्रों को बड़ी संख्या में मुफ्त शिक्षा और छात्रवृत्तियों की पेशकश करने के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा। 👉 Financial Support for Students

खुली और दूरस्थ शिक्षा

जीईआर को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने के लिए इसका विस्तार किया जाएगा। ऑनलाइन पाठ्यक्रमों और डिजिटल संग्रहों, अनुसंधान के लिए वित्तपोषण, बेहतर छात्र सेवाएं, एमओओसी द्वारा क्रेडिट आधारित मान्यता आदि जैसे उपायों को यह सुनिश्चित करने के लिए अपनाया जाएगा कि यह उच्चतम गुणवत्ता वाले इन-क्लास कार्यक्रमों के समतुल्य हों।

ऑनलाइन शिक्षा और डिजिटल शिक्षा

हाल ही में महामारी और वैश्विक महामारी में वृद्धि होने के परिणामस्वरूप ऑनलाइन शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए सिफारिशों के एक व्यापक सेट को कवर किया गया है, जिससे जब कभी और जहां भी पारंपरिक और व्यक्तिगत शिक्षा प्राप्त करने का साधन उपलब्ध होना संभव नहीं हैं, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के वैकल्पिक साधनों की तैयारियों को सुनिश्चित करने के लिए, स्कूल और उच्च शिक्षा दोनों को ई-शिक्षा की जरूरतों को पूरा करने के लिए एमएचआरडी में डिजिटल अवसंरचना, डिजिटल कंटेंट और क्षमता निर्माण के उद्देश्य से एक समर्पित इकाई बनाई जाएगी। 👉 Online and Digital Education

शिक्षा में प्रौद्योगिकी

सीखने, मूल्यांकन करने, योजना बनाने, प्रशासन को बढ़ावा देने के लिए, प्रौद्योगिकी का उपयोग करने पर विचारों का मुक्त आदान- प्रदान करने हेतु एक मंच प्रदान करने के लिए एक स्वायत्त निकाय, राष्ट्रीय शैक्षिक प्रौद्योगिकी मंच ( एनईटीएफ) का निर्माण किया जाएगा। शिक्षा के सभी स्तरों में, प्रौद्योगिकी का सही रूप से एकीकरण करके, उसका उपयोग कक्षा प्रक्रियाओं में सुधार लाने, पेशेवर शिक्षकों के विकास को समर्थन प्रदान करने, वंचित समूहों के लिए शैक्षिक पहुंच बढ़ाने और शैक्षिक योजना, प्रशासन और प्रबंधन को कारगर बनाने के लिए किया जाएगा 👉 Technology access in Education

भारतीय भाषाओं को बढ़ावा

सभी भारतीय भाषाओं के लिए संरक्षण, विकास और जीवंतता सुनिश्चित करने के लिए, एनईपी द्वारा पाली, फारसी और प्राकृत भाषाओं के लिए एक इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ ट्रांसलेशन एंड इंटरप्रिटेशन (आईआईटीआई), राष्ट्रीय संस्थान (या संस्थान) की स्थापना करने, उच्च शिक्षण संस्थानों में संस्कृत और सभी भाषा विभागों को मजबूत करने और ज्यादा से ज्यादा उच्च शिक्षण संस्थानों के कार्यक्रमों में, शिक्षा के माध्यम के रूप में मातृभाषा/ स्थानीय भाषा का उपयोग करने की सिफारिश की गई है। 👉Indian Language, Art and Culture

शिक्षा के अंतर्राष्ट्रीयकरण

शिक्षा के अंतर्राष्ट्रीयकरण को संस्थागत रूप से सहयोग और छात्र और संकाय की गतिशीलता दोनों के माध्यम से सुगम बनाया जाएगा और हमारे देश में परिसरों को खोलने के लिए शीर्ष विश्व रैंकिंग रखने वाले विश्वविद्यालयों के प्रवेश करने की अनुमति प्रदान की जाएगी। 👉 Professional and Vocational Education

व्यावसायिक शिक्षा

सभी व्यावसायिक शिक्षाओं को उच्च शिक्षा प्रणाली का अभिन्न अंग बनाया जाएगा। स्वचलित तकनीकी विश्वविद्यालयों, स्वास्थ्य विज्ञान विश्वविद्यालयों, कानूनी और कृषि विश्वविद्यालयों आदि को उद्देश्य बहु-विषयक संस्थान बनना होगा। 👉 New Design of Vocational Education

प्रौढ़ शिक्षा

इस नीति का लक्ष्य, 2030 तक 100% युवा और प्रौढ़ साक्षरता की प्राप्ति करना है। एक समुदाय का गैर-साक्षर होने के कारण असंख्य नुकसान हैं, जिनमें बुनियादी वित्तीय लेनदेन न कर पाना; प्रभारित मूल्य पर खरीदे गए माल की गुणवत्ता /मात्रा की तुलना करना; नौकरियों, ऋण, सेवाओं, आदि के लिए आवेदन करने के लिए फ़ॉर्म भरना; समाचार मीडिया में सार्वजनिक परिपत्रों और लेखों को समझना; व्यापार को संप्रेषित और संचालित करने के लिए पारंपरिक और इलेक्ट्रॉनिक मेल का उपयोग करना; अपने जीवन और पेशे को बेहतर बनाने के लिए इंटरनेट और अन्य प्रौद्योगिकी का उपयोग करना; दवाइयों, सड़क आदि पर दिशाओं और सुरक्षा निर्देशों को समझना; बच्चों को उनकी शिक्षा में मदद करना; भारत के नागरिक के रूप में किसी के मूल अधिकारों और जिम्मेदारियों के बारे में पता होने; साहित्य के कार्यों की सराहना करने; और साक्षरता की आवश्यकता से जुड़े मध्यम या उच्चतर उत्पादकता वाले क्षेत्रों में रोजगार प्राप्त कर पाने में असमर्थता शामिल है। यहाँ सूचीबद्ध क्षमताएं उन परिणामों की सांकेतिक सूची है जिन्हें प्रौढ़ शिक्षा के लिए नवाचारी उपायों के रूप में अपनाकर प्राप्त किया जा सकता है। 👉Adult Education till Life

वित्तपोषण शिक्षा

शिक्षा पहले की तरह 'लाभ के लिए नहीं' व्यहार पर आधारित होगी जिसके लिए पर्याप्त रूप से धन मुहैया कराया जाएगा। शिक्षा क्षेत्र में सार्वजनिक निवेश को बढ़ावा देने के लिए, केंद्र और राज्य मिलकर काम करेंगे जिससे जीडीपी में इसका योगदान जल्द से जल्द 6% हो सके। 👉Education Budget and GDP

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